उभरते सितारेकहानी

किरदार और किराया: एक अंतहीन ऑडिशन

सुबह की चाय और ठंडी ब्रेड के साथ, वह आईने में अपना अक्स नहीं, ‘किरदार’ ढूंढता है। एक सीलन भरे कमरे में, जहाँ धूप भी किराया माँगकर आती है, वहाँ वह…
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उभरते सितारे

एक बस यात्रा 

दोपहर का समय था, मुझे अपने कॉलेज जाने के लिए बस लेनी थी। उस दिन न जाने मैने भगवान से कितने शिक़ायते की अपने…